*विभिन्न विभागों के शासकीय अधिकारी कर्मचारियों ने लिया आनंद का अनुभव*
प्रियांश डाबी थांदला से
झाबुआ, 28 अक्टूबर 2025। मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद एवं राज्य आनंद संस्थान के संयुक्त तत्वाधान में जनपद पंचायत सभा कक्ष थांदला में आज शासकीय सेवकों के लिए ब्लॉक स्तरीय अल्पविराम परिचय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम राज्य आनंद संस्थान, आनंद विभाग, मध्य प्रदेश शासन एवं मध्य प्रदेश जन अभियान परिषद थांदला द्वारा किया गया। इस कार्यशाला का उद्देश्य कर्मचारियों में आनंदित व्यवहार लाना है। कार्यशाला में आमंत्रित अतिथि के रूप में जनपद पंचायत सीईओ श्री देवेंद्र बड़ाड़िया व जिला समन्वयक मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद झाबुआ श्री प्रेमसिंह चौहान, प्रोड़ शिक्षा अधिकारी श्री जगदीश सिसोदिया मास्टर ट्रेनर के रूप में श्री बलवीर सिंह डामोर व कमला पालिया ने प्रशिक्षण दिया। कार्यशाला का शुभारंभ अतिथियों द्वारा मां भारती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन कर प्रारंभ किया गया। मुख्य कार्यक्रम अधिकारी जनपद पंचायत श्री देवेंद्र बड़ाडिया ने कहा कि अपने कार्य को आनंद के साथ करना चाहिए। प्रसन्न होकर कार्य करेंगे तो निश्चित ही कार्य भी अच्छा होगा। जिला समन्वयक श्री प्रेम सिंह चौहान ने कहा कि वर्तमान समय में तनाव बढ़ता जा रहा है और लोग डिप्रेशन का शिकार हो रहे हैं । ऐसे में आनंद विभाग एक महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर लोगों में तनाव कम कर रहा है। आज की व्यस्त दिनचर्या में व्यक्ति को अपने लिए थोड़ा समय निकालकर आत्मचिंतन और आत्मविकास पर ध्यान देना चाहिए। समाज निर्माण से पहले व्यक्ति निर्माण आवश्यक है। श्री जगदीश सिसोदिया ने अल्पविराम को समाज में सकारात्मकता और सौहार्द्र फैलाने वाला एक प्रभावी माध्यम बताया। उन्होंने कहा कि यह पहल केवल व्यक्ति के भीतर आनंद की अनुभूति तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक बदलाव की दिशा में भी एक सशक्त कदम है। कार्यशाला में “जीवन का लेखा-जोखा” विषय पर मास्टर ट्रेनर श्री बलवीर सिंह डामोर ने सहभागियों से गहन संवाद किया। उन्होंने चार महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चिंतन कराया: बचपन से अब तक किस-किस ने मेरी मदद की, मैंने किसकी निःस्वार्थ मदद की, किससे मुझे दुःख मिला, मैंने किसे दुःख पहुँचाया। इस सत्र ने प्रतिभागियों को आत्ममंथन की प्रेरणा दी। “हमारे रिश्ते” विषय पर संवाद के माध्यम से आनंदमय जीवन के लिए रिश्तों में समझ, सम्मान और सकारात्मक दृष्टिकोण को आवश्यक बताया। शांति सत्र के दौरान आत्म-अनुभूति की क्रियाएं भी करवाई गईं। कार्यक्रम का संचालन ब्लॉक समन्वयक श्रीमती वर्षा डोडीयार द्वारा किया गया, जिन्होंने अंत में सभी का आभार व्यक्त किया। इस कार्यशाला में ग्रामीण विकास, आयुष, स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास, पुलिस, राजस्व, शिक्षा, जल संसाधन एवं पशुपालन विभाग एवं कृषि विभाग के प्रतिनिधियों ने सहभागिता की।